राजसमंद में नामकरण विवाद: 2005 की शिलान्यास पट्टिका से खुली पोल — महाराणा राजसिंह मार्ग का नाम पहले से दर्ज!
राजसमंद में सड़क नामकरण को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। 2005 में स्थापित शिलान्यास पट्टिका में जिस मार्ग का नाम “महाराणा राजसिंह मार्ग” दर्ज है, उसी सड़क का हाल ही में नगर परिषद द्वारा नाम बदलकर “आचार्य श्री महाश्रमण अहिंसा मार्ग” कर दिया गया।
स्थानीय नागरिक व जैन समाज इसे प्रशासनिक लापरवाही बताते हुए सवाल उठा रहे हैं कि—
🔹 बिना पुराने रिकॉर्ड की जांच किए नया नाम कैसे दे दिया गया?
🔹 क्या 2005 के विधिक नामकरण को रद्द किए बिना नया प्रस्ताव पास करना नियमों के खिलाफ है?
🔹 पुराना नाम रद्द करने की अधिसूचना कहाँ है?
नगर परिषद का दावा है कि 2023 में प्रस्ताव पारित हुआ था, लेकिन इस बीच पुराना रिकॉर्ड गायब होने, और 2005 की पट्टिका के सामने आने से मामला और गंभीर हो गया है। जनता अब पारदर्शिता, प्रक्रिया की स्पष्टता और जिम्मेदारी तय करने की मांग कर रही है।
यह विवाद अब प्रशासन, नगर परिषद और जनप्रतिनिधियों के सामने कानूनी, नैतिक और ऐतिहासिक सवाल खड़े कर रहा है।
